Divyanka Tripathi on Work Challenges After Motherhood: टीवी की पॉपुलर एक्ट्रेस दिव्यांका त्रिपाठी इन दिनों अपने पति विवेक दहिया के साथ कपल रियलिटी शो ‘पति पत्नी और पंगा’ में नजर आ रही हैं. माता-पिता बनने के बाद दिव्यांका और विवेक को एक बार फिर साथ देखकर फैंस काफी खुश हैं. दिव्यांका और विवेक के जुड़वां बच्चों को अब पांच महीने हो चुके हैं. हाल ही में दिव्यांका ने बताया कि मां बनने के बाद काम पर वापसी करना उनके लिए काफी चुनौतियों भरा साबित हो रहा है. चलिए जानते हैं कि दिव्यांका ने आखिर क्या कुछ बताया.
बच्चों को अकेला छोड़ना मुश्किल…
हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में दिव्यांका त्रिपाठी ने रियलिटी शो ‘पति पत्नी और पंगा’ के लिए काम पर लौटने की चुनौतियों के बारे में खुलकर बात की. दिव्यांका ने कहा, ‘इस उम्र में बच्चों को संभालना आसान होता है, क्योंकि वे सोते और दूध पीते रहते हैं. लेकिन मुझे पता है कि वे जल्द ही घुटनों के बल चलना शुरू कर देंगे. उन्होंने अभी से धीरे-धीरे आगे बढ़ना शुरू कर दिया है. मेरे लिए तो उन्हें दो-चार मिनट के लिए भी अकेला छोड़ना मुश्किल है. इसलिए मुझे उन्हें सेट पर साथ ले जाना पड़ता है। यह आसान नहीं है. कुछ भी आसान नहीं है.’
शरीर में दर्द होता है…
दिव्यांका ने आगे कहा, ‘मैंने पहले भी कई बार कहा है कि महिलाएं यूं ही आसानी से काम पर वापसी नहीं कर सकतीं। ऐसा होता ही नहीं है. देखिए, हम कैमरे के सामने काम कर रहे हैं और अपना काम बखूबी कर रहे हैं, लेकिन मुश्किलें तो आती ही हैं. शरीर में दर्द होता है, दिमाग सुस्त हो जाता है, फिर भी हम जानते हैं कि हमें काम करते रहना है. शायद हमें इतनी जल्दी काम पर वापस नहीं लौटना पड़ा होता, लेकिन हम यहां हैं और काम कर रहे हैं. मैं यह इसलिए कह रही हूं, ताकि कोई भी एक महिला की तुलना दूसरी महिला से न करे और यह न कहे, ‘अरे, दिव्यांका ने तो कमाल कर दिया।’ नहीं, यह सबके लिए मुश्किल है। हर कोई अपनी गति से काम पर लौटता है। इसलिए आप भी अपनी गति से आगे बढ़ें. मैं भी अपनी गति से आगे बढ़ रही हूं.’
मेंटल हेल्थ के लिए काम करना जरूरी…
अपनी बात पूरी करते हुए दिव्यांका ने आगे कहा, ‘मैं बहुत हिम्मत दिखा रही हूं, लेकिन मेरी इस हिम्मत का बहुत बड़ा श्रेय विवेक को जाता है. वह मेरा साथ देता है. मेरा परिवार मुझसे कहता है, ‘तुम कर लोगी. यह जरूर होगा. इंतजार करने या न करने के बारे में सोचना बंद करो. इंतजार करते रहने से कभी शुरुआत ही नहीं हो पाएगी. मुझे यह भी लगता है कि काम करना हमारी मेंटल हेल्थ के लिए अच्छा है. तुम्हारे साथ रहना मेरी मेंटल हेल्थ के लिए अच्छा है.’