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12 साल बाद ससुराल छोड़कर आईं आशा भोसले को नहीं मिल रही थी घर में एंट्री? फिर छोटी बहन की ढाल बन गई थीं लता मंगेशकर

संगीत की दुनिया की दो सबसे बड़ी आवाजों, लता मंगेशकर और आशा भोसले के बीच का रिश्ता हमेशा से ही गहरा रहा है. यह कहानी उस कठिन वक्त की है जब आशा भोसले 12 साल बाद अपना ससुराल छोड़कर वापस लौटीं. उस समय मां ने लता की इजाजत को प्राथमिकता दी थी. लता ने एक बड़ी बहन की तरह अपना फर्ज निभाते हुए न केवल आशा को घर में प्रवेश दिया, बल्कि अपने निजी कमरे को भी छोटी बहन के लिए खाली कर दिया. यह उनके प्रेम और त्याग की एक खूबसूरत मिसाल है.

दो मशहूर बहनों के बीच का अटूट रिश्ता- यह कहानी दो मशहूर बहनों के बीच के उस अटूट रिश्ते की है, जिसने न केवल संगीत की दुनिया में इतिहास रचा, बल्कि निजी जिंदगी में भी एक-दूसरे का हर मोड़ पर साथ निभाया. आशा भोसले का ससुराल से वापस अपने मायके आना एक बहुत बड़ा और हिम्मत भरा फैसला था.

12 साल का संघर्ष- यह वाकया महशूर सिंगर आशा भोसले की शादी के 12 साल बाद का है, जब आशा अपने दो बच्चों और हाथ में बस एक संदूक लिए अपने पुराने घर के दरवाजे पर खड़ी थीं. इतने साल के लंबे संघर्ष और मुश्किलों के बाद उन्होंने ससुराल छोड़ने का फैसला लिया था. घर की घंटी बजी, मां ने दरवाजा खोला, तो सामने आशा थीं.

मां का असमंजस- उस वक्त का माहौल कुछ अलग था. मां ने आशा से कहा कि अब घर की बागडोर और जिम्मेदारी लता की है. घर का हर फैसला उन्हीं का होता है, इसलिए अगर वह इजाजत देंगी, तभी तुम अंदर आ सकोगी.

लता का तुरंत फैसला- मां ने बिना देर किए लता को फोन लगाया. उधर से लता मंगेशकर ने जैसे ही यह सुना, उन्होंने एक पल की भी देरी नहीं की. उन्होंने मां से साफ कहा, "मां, उन्हें तुरंत अंदर आने दीजिए." लता ने अपनी बहन की सुरक्षा और गरिमा को सबसे ऊपर रखा. उन्होंने न सिर्फ आशा के आने को स्वीकार किया, बल्कि यह भी कहा, "मां, आप उन्हें मेरा वाला कमरा दे दीजिए. मेरे कमरे को खाली करवा दीजिए, वही कमरा आशा को मिल जाना चाहिए."

दोनों बहनों का प्यार- यह किस्सा दिखाता है कि बाहर की दुनिया भले ही इन दोनों बहनों को एक-दूसरे की प्रतिस्पर्धी मानती रही हो, लेकिन निजी जिंदगी में लता मंगेशकर हमेशा एक बड़ी बहन की तरह आशा भोसले की ढाल बनकर खड़ी रहीं. जिस समय आशा को सबसे ज्यादा अपनों के सहारे की जरूरत थी, उस समय लता ने अपने कमरे के साथ-साथ अपना दिल भी अपनी छोटी बहन के लिए खोल दिया था.