---विज्ञापन---
कभी विद्या बालन संग दी ब्लॉकबस्टर, आज कपड़े बेचने को मजबूर है ये बॉलीवुड एक्टर
15 मई 1975 को नई दिल्ली में जन्मे शाइनी आहूजा के पिता आर्मी ऑफिसरके थे. इंजीनियरिंग छोड़ एक्टिंग की दुनिया में आए शाइनी ने बैरी जॉन से अभिनय की बारीकियां सीखीं. साल 2005 में फिल्म 'हजारों ख्वाहिशें ऐसी' से धमाकेदार डेब्यू करने वाले शाइनी ने 'गैंगस्टर' और 'वो लम्हे' जैसी कई सुपरहिट फिल्में दीं. साल 2007 में आई 'भूल भुलैया' में विद्या बालन के साथ उनकी जोड़ी को खूब पसंद किया गया. लेकिन साल 2009 में लगे एक गंभीर कानूनी आरोप ने उनका पूरा करियर तबाह कर दिया. आज वे बॉलीवुड की चकाचौंध से दूर फिलीपींस में कपड़ों का बिजनेस कर रहे हैं.
200 लड़कों को पछाड़कर मिला था रोल
शाइनी ने अपने करियर की शुरुआत विज्ञापनों से की थी. जब निर्देशक सुधीर मिश्रा अपनी फिल्म 'हजारों ख्वाहिशें ऐसी' के लिए ऑडिशन ले रहे थे, तब शाइनी ने 200 से ज्यादा दावेदारों को पीछे छोड़कर यह मुख्य भूमिका हासिल की थी और इसके लिए उन्हें बेस्ट डेब्यू का फिल्मफेयर अवॉर्ड भी मिला.
बैक-टू-बैक दीं सुपरहिट फिल्में
पहली ही फिल्म की सफलता के बाद शाइनी निर्माताओं की पहली पसंद बन गए. उन्होंने 'लाइफ इन अ... मेट्रो', 'गैंगस्टर' और 'वो लम्हे' जैसी एक से बढ़कर एक बेहतरीन फिल्मों में अपनी दमदार एक्टिंग का लोहा मनवाया.
'भूल भुलैया' का यादगार किरदार
अक्षय कुमार और विद्या बालन स्टारर ब्लॉकबस्टर फिल्म 'भूल भुलैया' (2007) में शाइनी ने 'सिद्धार्थ' का अहम किरदार निभाया था. विद्या बालन के साथ उनकी ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री और फिल्म की कामयाबी ने उन्हें टॉप अभिनेताओं की कतार में ला खड़ा किया था.
एक विवाद और खत्म हुआ करियर
साल 2009 में उनकी घरेलू सहायिका ने उन पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया, जिसके बाद कोर्ट ने उन्हें दोषी पाते हुए 7 साल की सजा सुनाई. इस विवाद के बाद पूरी फिल्म इंडस्ट्री ने उनसे दूरी बना ली. जेल से आने के बाद उन्होंने 'वेलकम बैक' (2015) जैसी फिल्म से वापसी की कोशिश की, लेकिन दर्शकों ने उन्हें नकार दिया.
विदेश में चला रहे गारमेंट बिजनेस
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारत में करियर पूरी तरह खत्म होने के बाद शाइनी आहूजा अब फिलीपींस में रह रहे हैं. वहांं वे कपड़ों (गारमेंट्स) का बिजनेस संभाल रहे हैं. बड़े पर्दे का यह चमकता सितारा अब चकाचौंध से दूर एक शांत और गुमनाम जिंदगी बिता रहा है.