---विज्ञापन---
Jio Hotstar पर मौजूद 2 घंटे 14 मिनट की तगड़ी मिस्ट्री थ्रिलर फिल्म, सस्पेंस देख दिमाग घूम जाएगा

अक्षय कुमार की फिल्म 'कठपुतली' सस्पेंस और मिस्ट्री का एक जबरदस्त मेल है, जो आपको शुरू से अंत तक बांधे रखती है. जियो हॉटस्टार पर मौजूद 2 घंटे 14 मिनट की यह फिल्म तमिल हिट 'रत्नासन' का आधिकारिक रीमेक है, जिसमें एक पुलिस वाला (अक्षय कुमार) एक ऐसे हत्यारे का पीछा कर रहा है जो स्कूल की बच्चियों को अपना निशाना बनाता है. अगर आप ऐसी फिल्में पसंद करते हैं जहाँ कातिल पुलिस की नाक के नीचे होता है और फिर भी पकड़ में नहीं आता, तो यह फिल्म आपके होश उड़ाने के लिए काफी है.

एक विचलित कर देने वाली मिस्ट्री- फिल्म की कहानी कसौली शहर में हो रही रहस्यमयी हत्याओं के इर्द-गिर्द घूमती है. कातिल का शिकार करने का तरीका और पीछे छोड़े गए सबूत इतने अजीब हैं कि पुलिस विभाग भी चकरा जाता है. फिल्म का हर सीन सस्पेंस को एक पायदान ऊपर ले जाता है, जिससे दर्शकों के मन में लगातार यह सवाल बना रहता है कि अगला शिकार कौन होगा.

अक्षय कुमार की धांसू एक्टिंग- अक्षय कुमार ने इस फिल्म में 'अर्शद सेठी' नामक एक ऐसे पुलिस अधिकारी की भूमिका निभाई है, जो पहले फिल्म निर्माता बनना चाहता था और उसने अपराधियों के मनोविज्ञान पर गहरी रिसर्च की थी. उनकी यही रिसर्च उन्हें कातिल के दिमाग को पढ़ने में मदद करती है. अक्षय का यह शांत और दिमागी खेल वाला अवतार दर्शकों को बहुत पसंद आया है.

रोंगटे खड़े कर देने वाला विलेन- एक अच्छी मिस्ट्री थ्रिलर की पहचान उसका विलेन होता है. 'कठपुतली' का विलेन न केवल डरावना है, बल्कि उसकी पहचान का खुलासा फिल्म का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट है. जिस तरह से वह 'कठपुतली' के खेल के जरिए अपनी दहशत फैलाता है, वह सीन काफी प्रभावशाली और डरावने हैं.

कसौली की लोकेशन और डार्क बैकग्राउंड- फिल्म के निर्देशक रंजीत तिवारी ने हिमाचल की वादियों का इस्तेमाल खूबसूरती दिखाने के लिए नहीं, बल्कि एक रहस्यमयी माहौल बनाने के लिए किया है. पहाड़ों की धुंध, सुनसान गलियां और फिल्म का डार्क बैकग्राउंड म्यूजिक सस्पेंस की लय को कभी टूटने नहीं देता. यह माहौल कहानी के तनाव को और गहरा कर देता है.

वो क्लाइमैक्स जो दिमाग घुमा देगा- फिल्म का आखिरी आधा घंटा बेहद रोमांचक है. जब अर्शद सेठी कातिल के करीब पहुंचता है, तो कहानी में ऐसे ट्विस्ट आते हैं जिनकी उम्मीद करना मुश्किल है. कातिल का चेहरा और उसके पीछे की वजह सामने आते ही दर्शकों के होश उड़ जाते हैं. यह क्लाइमैक्स ही इस फिल्म को एक 'धांसू' थ्रिलर बनाता है.