Sona Mohapatra reacts On Daler Mehndi Controversy: पंजाबी सिंगर दलेर मेहंदी को लेकर चल रहे विवाद के बीच सिंगर सोना मोहापात्रा ने बड़ा सवाल उठाया है. सोना ने कहा कि दर्शक भी सम्मान के हकदार हैं.

दलेर मेहंदी विवाद पर बोलीं सोना महापात्रा

उत्तराखंड में दलेर मेहंदी की परफॉर्मेंस को लेकर चल रहे विवाद के बीच सिंगर सोना मोहापात्रा ने अपना रिएक्शन दिया है. सोना ने परफॉर्मिंग आर्ट्स में प्रोफेशनल जवाबदेही पर सवाल उठाते हुए कहा कि दर्शक भी सम्मान के हकदार की बात कही है. अपने इंस्टाग्राम पर सोना मोहापात्रा ने लिखा, "मैं उत्तराखंड में दलेर मेहंदी जी के परफॉर्मेंस को लेकर चल रहे विवाद को देख रही हूं और मुझे अपनी एक निजी घटना शेयर करने की जरूरत महसूस हो रही है. किसी दिग्गज का अनादर करने के लिए नहीं बल्कि इसलिए कि हम सभी के लिए परफॉर्मिंग आर्ट्स में एक बड़ा और असहज सवाल खड़ा होता है. 28 फरवरी को मैं दिल्ली के सुंदर नर्सरी हेरिटेज फेस्टिवल की शाम को शामिल हुई थी और दिलेर जी अगले दिन 1 मार्च को समापन प्रस्तुति के लिए आए थे."

सोना ने याद किया पुराना किस्सा

सोना ने बताया कि वो और उनकी पूरी टीम रातभर दलेर मेहंदी के परफॉर्मेंस के लिए वहीं रुकी रही. सोना ने कहा, "कलाकार आमतौर पर अपने शो के बाद नहीं रुकते हैं लेकिन ऑर्गेनाइजिंग टीम ने बड़ी उदारता से हमारी एक रात और रुकने की रिक्वेस्ट मान ली. हम सच में एक दिग्गज को परफॉर्म करते देखने के लिए उत्साहित थे, जिसके बारे में हमें बताया गया था कि वह एक बिल्कुल अलग सूफी स्टाइल में होगा." सोना ने आगे कहा, "हम लोग जैसा सोचकर रुके थे, ऐसा कुछ भी नहीं हुआ था. स्टेज पर दलेर जी काफी उलझे हुए लग रहे थे, उन्हें एक सुर पकड़ने में भी मुश्किल हो रही थी और वह एक ही धुन को बार-बार दोहरा रहे थे. पूरा प्रोडक्शन निराश था. हमने देखा कि कैसे दर्शक धीरे-धीरे वहां से जाने लगे, वो लोग जिन्होंने अच्छे पैसे देकर टिकट खरीदा था और बड़ी उम्मीदों के साथ आए थे."

सोना ने इस घटना के बारे में आगे कहा, "सबसे ज्यादा मुझे आयोजकों के लिए बुरा लगा था, जिन्होंने अपने संसाधन, साख और काफी मेहनत एक सम्मानित कलाकार को पेश करने में लगाई थी और फिर भी हममें से किसी ने भी कुछ नहीं कहा. मुझे दलेर जी की निजी परिस्थितियों या सेहत के बारे में कोई जानकारी नहीं है और हमने जो देखा उस पर मैं कोई अंदाजा नहीं लगाना चाहूंगी. मेरा यह भी मानना है कि किसी कलाकार को सार्वजनिक रूप से बेइज्जत करना कोई समाधान नहीं है."

'दो बातें एक साथ सच हो सकती हैं'

सोना महापात्रा ने दर्शकों के इमोशन और मैनेजमेंट पर सवाल उठाते हुए कहा, "उत्तराखंड में हुए विवाद को देखकर मुझे हैरानी हो रही है कि बातचीत का ज्यादातर हिस्सा कलाकार के अपमान पर हो रहा है. दर्शकों की उम्मीदों और मोटी प्रोफेशनल फीस लेने वालों की जिम्मेदारी पर बहुत कम बात हो रही है. दो बातें एक साथ सच हो सकती हैं."

दर्शक एक ईमानदार परफॉर्मेंस के हकदार हैं

आगे दलेर मेहंदी को लेकर सोना ने कहा, "एक दिग्गज कलाकार सम्मान, सहानुभूति और जीवनभर के योगदान के लिए आभार का हकदार है और दर्शक एक ईमानदार परफॉर्मेंस के हकदार हैं. अगर कोई अस्वस्थ है, तो उसके साथ सहानुभूति होनी चाहिए और स्थिति को संभालने का एक जिम्मेदार तरीका होना चाहिए. जो चीज स्वीकार्य नहीं हो सकती, वो ये है कि बार-बार दर्शक और आयोजक ही इसका खामियाजा भुगतें जबकि कलाकार के आसपास के सभी लोग आंखें मूंद लें." सोना ने आगे लिखा, "मुझे नहीं पता कि उत्तराखंड में मंत्री ने स्थिति को सही तरीके से संभाला या नहीं. ये एक अलग सवाल है लेकिन क्या उनकी आपत्ति जताने के तरीके से शिकायत का मूल मुद्दा ही खत्म हो जाता है?"