Chauhaan Movie Controversy: अजय देवगन की अपकमिंग फिल्म 'चौहान' अभी रिलीज से पहले ही विवादों में आ गई है. कुछ दिन पहले फिल्म का टीजर सामने आया था, जिसे दर्शकों ने काफी पसंद किया, लेकिन अब टीजर में मौजूद एक डायलॉग को लेकर क्षत्रिय परिषद ने नाराजगी जाहिर की है. संगठन ने सोशल मीडिया पर बयान जारी करते हुए फिल्म के मेकर्स से इतिहास को जिम्मेदारी के साथ पेश करने की अपील की है.

क्या है मामला?

दरअसल, फिल्म के टीजर में एक डायलॉग सुनाई देता है. 'पठानों से कहना चौहान आ रहा है.' इसी लाइन पर विवाद खड़ा हो गया है. क्षत्रिय परिषद का कहना है कि राजपूत इतिहास और 'चौहान' वंश की विरासत को किसी भी तरह के राजनीतिक या सांप्रदायिक नैरेटिव का हिस्सा नहीं बनाया जाना चाहिए. संगठन ने इसे राजपूत पहचान का गलत इस्तेमाल बताया है.

---विज्ञापन---

क्या कहना है परिषद का?

परिषद ने अपने एक्स अकाउंट पर जारी बयान में लिखा कि वे निर्देशक नीरज यादव और अभिनेता अजय देवगन की फिल्म में 'चौहान' नाम का इस्तेमाल मौजूदा सांप्रदायिक राजनीति के संदर्भ में किए जाने की कोशिश की कड़ी निंदा करते हैं. संगठन का कहना है कि चौहानों की विरासत भारतीय इतिहास का अहम हिस्सा है और इसे चुनावी या वैचारिक बहस का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए.

इतिहास पर परिषद ने कही ये बात

अपने बयान में परिषद ने इतिहास के कई उदाहरण भी दिए. संगठन ने याद दिलाया कि भारतीय इतिहास सिर्फ धार्मिक आधार पर बंटा हुआ नहीं था, बल्कि कई मौकों पर अलग-अलग समुदायों के योद्धाओं ने एक-दूसरे के साथ मिलकर लड़ाइयां लड़ी थीं. इसी वजह से इतिहास को सरल सांप्रदायिक नजरिए से देखने की कोशिश गलत है.

---विज्ञापन---

किस डायलॉग पर बिगड़ी बात!

क्षत्रिय परिषद ने यह भी कहा कि फिल्म की कहानी कश्मीर की पृष्ठभूमि पर आधारित बताई जा रही है और टीजर का विवादित डायलॉग कश्मीरियों को 'पठान' कहने की कोशिश जैसा नजर आता है. इसी बात को लेकर संगठन ने आपत्ति दर्ज कराई है.

---विज्ञापन---

मेकर्स की खास अपील

हालांकि, फिल्म के मेकर्स या अजय देवगन की ओर से इस विवाद पर फिलहाल कोई रिएक्शन सामने नहीं आया है. परिषद ने अंत में फिल्म निर्माताओं से अपील की कि वे भारत के इतिहास और राजपूत विरासत को पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ पर्दे पर पेश करें, ताकि किसी भी समुदाय की भावनाएं आहत न हों.

---विज्ञापन---