Vantara University: अनंत अंबानी के ड्रीम प्रोजेक्ट 'वनतारा' ने शिक्षा के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए 'एवरी लाइफ मैटर्स' स्कॉलरशिप का ऐलान किया है. जामनगर स्थित वनतारा यूनिवर्सिटी का उद्देश्य केवल वन्यजीवों को बचाना ही नहीं, बल्कि उन होनहार युवाओं को आगे लाना भी है जो संसाधनों की कमी के कारण अपना सपना पूरा नहीं कर पाते. इस स्कॉलरशिप के जरिए मिडिल क्लास और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के छात्र अब दुनिया की बेहतरीन वाइल्डलाइफ और वेटरनरी शिक्षा मुफ्त या कम खर्चे में हासिल कर सकेंगे.
'एवरी लाइफ मैटर्स' स्कॉलरशिप
गुजरात के जामनगर में बनी वनतारा यूनिवर्सिटी आज चर्चा का विषय बनी हुई है. इसका कारण सिर्फ इसकी आधुनिक सुविधाएं ही नहीं, बल्कि मिडिल क्लास और जरूरतमंद परिवारों के लिए शुरू की गई 'एवरी लाइफ मैटर्स' स्कॉलरशिप भी है. अनंत अंबानी ने यह साफ कर दिया है कि वनतारा यूनिवर्सिटी सिर्फ अमीरों के लिए नहीं, बल्कि हर उस व्यक्ति के लिए है जिसके दिल में जानवरों के प्रति प्यार और सेवा का भाव है.
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सपनों को मिलेगी नई उड़ान
अक्सर देखा जाता है कि वेटरनरी साइंस (पशु चिकित्सा) या वाइल्डलाइफ रिसर्च की उच्च शिक्षा बहुत महंगी होती है. ऐसे में मध्यम वर्गीय परिवारों के प्रतिभाशाली बच्चे चाहकर भी इस फील्ड में आगे नहीं बढ़ पाते. वनतारा यूनिवर्सिटी की स्कॉलरशिप योजना ऐसे ही बच्चों के लिए उम्मीद की किरण बनकर आई है. इसके तहत सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े छात्रों को विशेष आर्थिक मदद दी जाएगी, ताकि वे बिना किसी बोझ के अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें.
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अनुभवी मेंटर्स से सीखने का अवसर
स्कॉलरशिप पाने वाले छात्रों को न केवल आर्थिक सहायता मिलेगी, बल्कि उन्हें दुनिया के बेहतरीन वैज्ञानिकों और डॉक्टरों से सीधे सीखने का मौका मिलेगा. यूनिवर्सिटी का मानना है कि असल ज्ञान सिर्फ किताबों में नहीं, बल्कि सेवा और अनुभव में है. इसीलिए यहाँ के कोर्सेज को इस तरह डिजाइन किया गया है कि छात्र वनतारा के अत्याधुनिक अस्पतालों और रेस्क्यू सेंटर्स में जाकर प्रैक्टिकल ट्रेनिंग ले सकें.
कैसे बदलेगी तस्वीर?
अनंत अंबानी का विजन है कि भारत का हर वह नौजवान, जो प्रकृति और बेजुबान जीवों की रक्षा करना चाहता है, उसे विश्व स्तरीय मंच मिलना चाहिए. 'एवरी लाइफ मैटर्स' स्कॉलरशिप के जरिए आने वाले समय में देश को ऐसे समर्पित विशेषज्ञों की एक बड़ी फौज मिलेगी, जो न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया में वन्यजीव संरक्षण की कमान संभालेंगे.