Exclusive: बॉलीवुड में इन दिनों नितेश तिवारी की फिल्म 'रामायण' को लेकर काफी चर्चा हो रही है. रणबीर कपूर भगवान श्रीराम और साई पल्लवी माता सीता के किरदार में नजर आने वाले हैं. फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच काफी उत्सुकता है. इस बीच वेब सीरीज 'पंचायत' में विधायक जी का किरदार निभाकर घर-घर में पहचान बनाने वाले अभिनेता पंकज झा ने 'रामायण' को लेकर कुछ ऐसा कह दिया है, जो चर्चा में आ सकता है. E24 के साथ खास बातचीत में उन्होंने न सिर्फ बार-बार रामायण बनाए जाने पर सवाल उठाए, बल्कि बॉलीवुड में बन रही फिल्मों पर भी अपनी राय रखी.
'कितनी रामायण बनी हैं, कितना देखेंगे?'
E24 से बातचीत के दौरान जब पंकज झा से 'रामायण' पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा, 'कितनी रामायण बनी है, कितना देखेंगे… हो तो गया, कितनी बार देखेंगे एक ही चीज. वही तो है, देख तो ली 'रामायण', समझ तो गए लोग.' उनके इस बयान से साफ है कि वह 'रामायण' की कहानी को बार-बार पर्दे पर दिखाए जाने को लेकर बहुत उत्साहित नहीं हैं. हालांकि, उन्होंने अपनी बात एक राय के तौर पर रखी.
दीपिका चिखलिया और अरुण गोविल का भी हुआ जिक्र
बातचीत में पंकज झा से पूछा गया कि पहले दीपिका चिखलिया और अरुण गोविल को माता सीता और भगवान श्रीराम के किरदार में खूब प्यार मिला. अब रणबीर कपूर और साई पल्लवी नए अंदाज में इन किरदारों को निभाने जा रहे हैं. इस बदलाव को वह किस तरह देखते हैं?
बॉलीवुड के सिनेमा पर भी साधा निशाना
इस सवाल के जवाब में अभिनेता ने अपनी बात रखते हुए बॉलीवुड और आज के सिनेमा पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि उनके घर में पिछले 25 साल से टीवी नहीं है और वह लोगों को सिनेमा देखने से भी मना करते हैं.
एक्टर्स की बॉली को लेकर उठाए सवाल
पंकज झा ने कहा कि बॉलीवुड में जिस तरह का सिनेमा परोसा जा रहा है, वह उन्हें पसंद नहीं है. उन्होंने इसे 'बीमार' और 'मनोरोगी लोगों' के लिए बनाया जाने वाला सिनेमा बताया. इसके अलावा उन्होंने कुछ अभिनेताओं की बॉडी बनाने के तरीकों और फिल्मों में उनके अभिनय पर भी तंज कसा. अभिनेता ने कहा कि असली सिनेमा वह है, जिसमें गांव और मिट्टी की खुशबू हो और कलाकारों में जिंदादिली नजर आए. उनके मुताबिक, ऐसे कलाकार आज भी अभिनय कर रहे हैं और उनकी फिल्में भी आ रही हैं.
'मुझे इसमें कोई इंटरेस्ट नहीं है'
रणबीर कपूर की 'रामायण' को लेकर अपनी राय रखने के बाद पंकज झा ने कहा कि बॉलीवुड के दूसरे कलाकार क्या कर रहे हैं? इसमें उनकी कोई दिलचस्पी नहीं है. उन्होंने इस विषय पर ज्यादा कुछ बोलने से भी इनकार किया.
'रामायण' दर्शकों की सोच पर कितनी उतरती है खरी
फिलहाल, पंकज झा का यह बयान 'रामायण' और बॉलीवुड फिल्मों को लेकर उनकी निजी सोच को सामने लाता है. अब देखना होगा कि रणबीर कपूर और साई पल्लवी की 'रामायण' रिलीज होने के बाद दर्शकों की उम्मीदों पर कितनी खरी उतरती है.