Aamir Khan Niece Zayn Marie Injury Video: बॉलीवुड एक्टर आमिर खान की भांजी जयान मैरी इन दिनों खबरों की हेडलाइन से लेकर सोशल मीडिया तक चर्चा का विषय बनी हुई हैं. दरअसल, हाल ही में मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन में जयान मैरी भी शामिल हुई थीं. इस दौरान मुंबई पुलिस ने जयान मैरी को इमरान खान और लेखा वाशिंगटन के साथ कुछ समय के लिए हिरासत में ले लिया. हालांकि, कुछ घंटों बाद तीनों को रिहा कर दिया गया. अब हिरासत से बाहर आने के बाद जयान मैरी ने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें उन्होंने अपने हाथ से लेकर जांघ तक पर चोट के निशान दिखाए हैं. चलिए, पूरा मामला विस्तार से समझते हैं.
हमें इतना मत डराओ…
जयान मैरी ने रविवार को अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया. वीडियो में उन्होंने हिरासत में लिए जाने के बाद अपने शरीर पर आए चोट के निशान दिखाए. कैमरे पर जयान ने अपनी बांह, हाथ, उंगलियों, जांघ और पैरों पर चोट के निशान दिखाए. वीडियो में उनकी बांह और जांघ पर चोट के काले निशान साफ दिखाई दे रहे हैं. अपनी चोटें दिखाते हुए जयान मैरी ने कहा, 'हमें इतना मत डराओ कि हमारे अंदर डर ही न बचे.' इस वीडियो के साथ कैप्शन में उन्होंने लिखा, 'वह इंटरनेट पर (सरकार की) पोल खोल रही है.'
इंकलाब जिंदाबाद…
इससे पहले शनिवार को जयान ने पुलिस वैन के अंदर से एक तस्वीर शेयर की थी, जिसमें वह एक्टर इमरान खान और लेखा वाशिंगटन के साथ बैठी नजर आईं. इसके कैप्शन में उन्होंने लिखा, 'इंकलाब जिंदाबाद.' वहीं, एक्ट्रेस लेखा वाशिंगटन ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उन्होंने बताया, 'पुलिस हमें घर नहीं जाने दे रही है। हम सड़क पर बेतरतीब ढंग से चल रहे हैं। वे हमें घर जाने के लिए कोई भी कार या वाहन नहीं पकड़ने दे रहे हैं।' एक अन्य वीडियो में उन्होंने कहा, 'मैं यह कहना चाहती हूं कि हम सब सुरक्षित हैं, हम सब ठीक हैं और हम सब अपने घर जा रहे हैं.'
जयान, इमरान और लेखा को हिरासत में लिया गया
जयान, इमरान और लेखा को अगस्त क्रांति मैदान में पुलिस की कार्रवाई के दौरान हिरासत में लिया गया था. मुंबई पुलिस के अनुसार, इस दौरान अधिकारियों ने 400 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया. पुलिस ने कहा कि मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन के लिए कोई अनुमति नहीं मांगी गई थी. पुलिस ने यह भी कहा कि वह इसकी अनुमति नहीं दे सकती, क्योंकि बॉम्बे हाई कोर्ट के निर्देशों के अनुसार, विरोध प्रदर्शन केवल आजाद मैदान में ही आयोजित किए जा सकते हैं.