सुशांत की आत्महत्या ने झकझोर दिया है ‘मां’ का दिल। ऑनस्क्रीन मां ऊषा नाडकर्णी के नहीं थम रहे आंसू।

By Neetu June 17, 2020, 10:14 p.m. 1k

पूजा राजपूत- एक ‘मां’ के लिए औलाद का चले जाना उसके दिलो-दिमाग पर किसी पहाड़ के टूटने से कम नहीं होता। कुछ ऐसा ही दर्द महसूस कर रही हैं, टीवी की दिग्गज कलाकार(Veteran Actor) ‘ऊषा नाडकर्णी’(Usha Nadkarni) । अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत(Sushant Sing Rajput) की आत्महत्या(Suicide) से उनका परिवार तो गहरे सदमे की जद में है ही, साथ ही उन लोगों का हाल भी कम जुदा नहीं है, जिन्होने सुशांत के साथ सीरियल और फिल्मों में काम किया था।

सुशांत की खुदकुशी की खबर सुनने के बाद से ही ऊषा नाडकर्णी के आंसू नहीं थम रहे हैं। वह रोते-रोते बार-बार यही पूछ रही हैं कि “सुशांत तुमने यह क्यों किया? सबकुछ तो था तुम्हारे पास...फिर यह कदम क्यों उठाया?”

ऊषा नाडकर्णी ने सुशांत के डेब्यू सीरियल ‘पवित्र रिश्ता’(Pavitra Rishta) में उनकी ऑनस्क्रीन ‘मां’ का किरदार निभाया था। सीरियल में ‘मानव’ का किरदार अपनी मां का लाडला था।  इसी सीरियल की शुटिंग के दौरान सुशांत और ऊषा नाडकर्णी के बीच भी मां-बेटे की तरह रिश्ता बन गया था। ये संजोग ही था, कि सुशांत की असल मां और ऑनस्क्रीन मां का नाम ‘ऊषा’ है। सुशांत ने बेहद कम उम्र में अपनी मां ‘ऊषा देवी’ को खो दिया था। यही वजह की रही की ऑनस्क्रीन मां ऊषा नाडकर्णी में सुशांत ने अपनी मां की छवि देखी थी। सुंशात के यूं इस तरह मौत को गले लगाने की बात जानकर वह टूट गई है। सुशांत को बार-बार याद कर वह अपने आंसू नहीं रोक पाती।

अपने एक इंटरव्यू में ऊषा नाणकर्णी कहती हैं कि “सुशांत जो चाहता था वो सब उसे मिला। अच्छी फिल्में मिली, घर मिला। पवित्र रिश्ता के समय उसने मुझे बताया था कि वो दो करोड़ की कीमत का घर ले रहा है। उसने मुझे अपनी गाड़ी के बारे में भी बताया था। सब कुछ मिलने के बाद भी ये बच्चे को क्या हुआ, मुझे समझ नहीं आ रहा। क्यों उसे सुसाइड करना पड़ा? जिसके पास काम ना हो वो अलग बात है, लेकिन सुशांत के पास तो सब कुछ था”।

अपने इंटरव्यू में ऊषा नाडकरणी ने सुशांत को काम ना मिलने की वजह से हुई परेशानियों के बारे में भी बात की। उन्होने कहा कि “इंडस्ट्री में किसी को भी 365 दिन काम नहीं मिलता। मैं अपने बेटे को भी यही समझाती हूं, कभी काम नहीं मिले तो परेशान नहीं होना, डिप्रेशन में नहीं जाना। जितना आपके नसीब में हैं, और समय से पहले किसी को कुछ नहीं मिलता। सुशांत के साथ कोई बड़ा आदमी भी नहीं था। उस समय सुशांत के साथ पिता या बहन होनी चाहिए थी। ये बच्चे को क्या हो गया मुझे समझ नहीं आता। उसे पैसों की कमी हो, ऐसे नहीं हो सकता”।

इस दौरान उन्होने सुशांत के इंट्रस्ट पर भी बात की। ऊषा नाडकर्णी ने बताया कि सुशांत को डायरेक्शन में भी रूचि थी। वह कहते थे कि डायरेक्शन सीखने विदेश जाएंगे। सुशांत सेट पर किताबें पढ़ा करते थे। उषा नाडकर्णी ने आगे कहा कि “सुशांत के साथ ऐसा क्या हुआ, ये सिर्फ भगवान और सुशांत ही जानते होंगे। सुशांत को इतना ज्यादा संघर्ष भी नहीं करना पड़ा था”।

इस दौरान उन्होने सुशांत के पिता को लेकर भी अपनी चिंता ज़ाहिर की । उन्होने कहा कि “उसके पिता का क्या होगा। वो कैसे इन हालातों के सामना करेंगे। मुझे बुरा लगता है यह सोचकर कि जहां बेटे को पिता का क्रियाक्रम करना होता है, वहां अब पिता को जवान बेटे को मुखाग्नि देनी पड़ी”। यह कहते है ऊषा नाडकर्णी एक बार फिर भावुक हो गईं।

आपको बता दें, कि सुशांत सिंह राजपूत ने रविवार सुबह अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। सोमवार शाम 4:30 बजे विले पार्ले के श्मशान घाट में उनका अंतिम संस्कार किया गया था। सुशांत के चले जाने के बाद से ही बॉलीवुड में गम का माहौल है।

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